AK-47 से हर्ष फायरिंग करना SP अंकिता शर्मा को पड़ा भारी, पुलिस मुख्यालय ने जारी किया नोटिस; 3 दिन में मांगा जवाब

AK-47 से हर्ष फायरिंग करना SP अंकिता शर्मा को पड़ा भारी, पुलिस मुख्यालय ने जारी किया नोटिस; 3 दिन में मांगा जवाब

रायपुर : छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले की पुलिस अधीक्षक (SP) आईपीएस अंकिता शर्मा की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। दशहरा के अवसर पर शस्त्र पूजन के दौरान AK-47 राइफल से हर्ष फायरिंग करने का उनका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस मुख्यालय ने मामले को गंभीरता से लिया है। इस मामले में पीएचक्यू ने एसपी अंकिता शर्मा को नोटिस जारी कर तीन दिनों के भीतर स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए हैं।

विजयादशमी के मौके पर वायरल हुए वीडियो में एसपी अंकिता शर्मा पारंपरिक साड़ी पहने AK-47 से लगातार कई राउंड फायरिंग करती दिखाई दे रही हैं। वीडियो सामने आने के बाद हथियारों के इस्तेमाल और निर्धारित सुरक्षा नियमों के पालन को लेकर सोशल मीडिया पर सवाल उठने लगे थे। पूर्व सैन्य अधिकारियों समेत कई लोगों ने इस घटना पर आपत्ति जताई थी।

पुलिस मुख्यालय ने भी इस घटनाक्रम को पुलिस विभाग की गरिमा के अनुरूप नहीं माना है। इसी के बाद एसपी से स्पष्टीकरण मांगा गया है। अब उनके जवाब के आधार पर मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

राजनांदगांव रेंज के आईजी अजय यादव ने मामले में जानकारी देते हुए बताया कि एसपी अंकिता शर्मा द्वारा हर्ष फायरिंग की गई थी। इस दौरान सुरक्षा नियमों की अनदेखी और सोशल मीडिया पर हुई नकारात्मक टिप्पणियों को पुलिस मुख्यालय ने गंभीरता से लिया है।

आईजी के मुताबिक, पुलिस मुख्यालय ने इस घटनाक्रम को पुलिस की गरिमा के अनुकूल नहीं मानते हुए पुलिस अधीक्षक से स्पष्टीकरण मांगा है। यह जवाब आईजी के माध्यम से पुलिस मुख्यालय भेजा जाना है।

वीडियो वायरल होने के बाद भारतीय सेना के पूर्व लेफ्टिनेंट जनरल केजेएस ढिल्लों ने भी हथियारों को संभालने के तरीके पर सवाल उठाए थे। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए फायरिंग के दौरान सुरक्षा के बुनियादी नियमों की अनदेखी को गंभीर चिंता का विषय बताया था।

ढिल्लों के अनुसार, वीडियो में हथियार को असुरक्षित तरीके से संभालते हुए देखा जा सकता है। उन्होंने लोडेड हथियार को अलग-अलग दिशाओं में घुमाने और आसपास मौजूद लोगों की सुरक्षा को खतरे में डालने जैसे पहलुओं पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने हथियारों के इस्तेमाल में निर्धारित प्रक्रियाओं और अनुशासन का पालन करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया था।

फिलहाल, इस मामले में एसपी अंकिता शर्मा के स्पष्टीकरण का इंतजार है। पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी नोटिस के बाद उनके जवाब और आगे होने वाली कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं|